Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
16 Aug 2016 · 1 min read

खंजर की चुभन से ही मैं पहचान गया था

उस पर तो कभी दिल का कोई ज़ोर नहीं था
हमसा भी ज़माने में कोई और नहीं था

जिस वक़्त वो रुख्सद हुआ बारात की मानिंद
एक टीस सी उठी थी कोई शोर नहीं था

वीरान सी दुनिया में हम किस से बहलते
जंगल था उदासी थी कोई मोर नहीं था

दिल टूट गया था तो जुडाते कहीं जाकर
इस काम का दुनिया में कोई तोर नही था

खंजर की चुभन से ही में पहचान गया था
वो तू था मेरे दोस्त कोई और नहीं था

– नासिर राव

1 Comment · 551 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
I love you
I love you
Otteri Selvakumar
बुद्ध या विनाश
बुद्ध या विनाश
Shekhar Chandra Mitra
बदली-बदली सी तश्वीरें...
बदली-बदली सी तश्वीरें...
Dr Rajendra Singh kavi
संपूर्ण कर्म प्रकृति के गुणों के द्वारा किये जाते हैं तथापि
संपूर्ण कर्म प्रकृति के गुणों के द्वारा किये जाते हैं तथापि
Raju Gajbhiye
अपने बच्चों का नाम लिखावो स्कूल में
अपने बच्चों का नाम लिखावो स्कूल में
gurudeenverma198
दीवाना - सा लगता है
दीवाना - सा लगता है
Madhuyanka Raj
@ !!
@ !! "हिम्मत की डोर" !!•••••®:
Prakhar Shukla
Lambi khamoshiyo ke bad ,
Lambi khamoshiyo ke bad ,
Sakshi Tripathi
व्हाट्सएप युग का प्रेम
व्हाट्सएप युग का प्रेम
Shaily
भय भव भंजक
भय भव भंजक
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
एक सच और सोच
एक सच और सोच
Neeraj Agarwal
परम सत्य
परम सत्य
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
रंगो ने दिलाई पहचान
रंगो ने दिलाई पहचान
Nasib Sabharwal
किताब का आखिरी पन्ना
किताब का आखिरी पन्ना
Dr. Kishan tandon kranti
*धन्य-धन्य वह जीवन जो, श्री राम-नाम भज जीता है 【मुक्तक】*
*धन्य-धन्य वह जीवन जो, श्री राम-नाम भज जीता है 【मुक्तक】*
Ravi Prakash
पिता
पिता
Dr Parveen Thakur
— नारी न होती तो —
— नारी न होती तो —
गायक - लेखक अजीत कुमार तलवार
ज़िद..
ज़िद..
हिमांशु Kulshrestha
अन्नदाता किसान
अन्नदाता किसान
ओम प्रकाश श्रीवास्तव
रंग अनेक है पर गुलाबी रंग मुझे बहुत भाता
रंग अनेक है पर गुलाबी रंग मुझे बहुत भाता
Seema gupta,Alwar
अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस
अंतरराष्ट्रीय श्रमिक दिवस
नील पदम् Deepak Kumar Srivastava (दीपक )(Neel Padam)
Ramal musaddas saalim
Ramal musaddas saalim
sushil yadav
दोस्ती का कर्ज
दोस्ती का कर्ज
Dr. Pradeep Kumar Sharma
*पानी केरा बुदबुदा*
*पानी केरा बुदबुदा*
DR ARUN KUMAR SHASTRI
😢आतंकी हमला😢
😢आतंकी हमला😢
*प्रणय प्रभात*
आप सभी को रक्षाबंधन के इस पावन पवित्र उत्सव का उरतल की गहराइ
आप सभी को रक्षाबंधन के इस पावन पवित्र उत्सव का उरतल की गहराइ
संजीव शुक्ल 'सचिन'
टूटी हुई कलम को
टूटी हुई कलम को
Anil chobisa
चलो क्षण भर भुला जग को, हरी इस घास में बैठें।
चलो क्षण भर भुला जग को, हरी इस घास में बैठें।
डॉ.सीमा अग्रवाल
अभी मेरी बरबादियों का दौर है
अभी मेरी बरबादियों का दौर है
पूर्वार्थ
जो किसी से
जो किसी से
Dr fauzia Naseem shad
Loading...