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2 Aug 2023 · 1 min read

कियो खंड काव्य लिखैत रहताह,

कियो खंड काव्य लिखैत रहताह,
कियो सब दिन कविता लिखताह !
मुदा कोनो मित्र आ प्रशंसक केँ ,
आभार धरि नहिं प्रकट करताह !! @ परिमल

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