Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
14 Dec 2023 · 1 min read

कर्म

कर्म
छूट मिली है हर जन्मों में
मन आए वे कर्म करो
पुण्यकर्म कर लो या फिर
पापाचरण में लिप्त रहो

दुष्टात्मा जो मजे में दिखते
फल ये पिछले पुण्य के हैं
पुण्यात्मा जो कष्ट पा रहे
वे पिछले पापों के है

हर पल याद करो श्री हरि को
सदा स्मरण करते रहो
संकट टल जाते हैं सारे
जोर से उन्हें पुकारो तो

संकट में तुम सदा पुकारो
अरे बाप , हा दईया
पर न पुकारो राधाकिशन को
पार कराते जो नइया

185 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
"प्यार तुमसे करते हैं "
Pushpraj Anant
Expectations
Expectations
पूर्वार्थ
मां तुम्हें सरहद की वो बाते बताने आ गया हूं।।
मां तुम्हें सरहद की वो बाते बताने आ गया हूं।।
Ravi Yadav
श्री रामचरितमानस में कुछ स्थानों पर घटना एकदम से घटित हो जाती है ऐसे ही एक स्थान पर मैंने यह
श्री रामचरितमानस में कुछ स्थानों पर घटना एकदम से घटित हो जाती है ऐसे ही एक स्थान पर मैंने यह "reading between the lines" लिखा है
SHAILESH MOHAN
प्रेम पल्लवन
प्रेम पल्लवन
Er.Navaneet R Shandily
जिंदगी क्या है?
जिंदगी क्या है?
ठाकुर प्रतापसिंह "राणाजी"
आदमी के हालात कहां किसी के बस में होते हैं ।
आदमी के हालात कहां किसी के बस में होते हैं ।
sushil sarna
"इन्तजार"
Dr. Kishan tandon kranti
परिवार, प्यार, पढ़ाई का इतना टेंशन छाया है,
परिवार, प्यार, पढ़ाई का इतना टेंशन छाया है,
Vaishnavi Gupta (Vaishu)
कवि मोशाय।
कवि मोशाय।
Neelam Sharma
-- दिखावटी लोग --
-- दिखावटी लोग --
गायक - लेखक अजीत कुमार तलवार
सुनो पहाड़ की....!!! (भाग - ११)
सुनो पहाड़ की....!!! (भाग - ११)
Kanchan Khanna
2470.पूर्णिका
2470.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
रिश्ता रस्म
रिश्ता रस्म
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
कैसे पाएं पार
कैसे पाएं पार
surenderpal vaidya
इतना आसान होता
इतना आसान होता
हिमांशु Kulshrestha
प्रभु राम मेरे सपने मे आये संग मे सीता माँ को लाये
प्रभु राम मेरे सपने मे आये संग मे सीता माँ को लाये
Satyaveer vaishnav
अगर लोग आपको rude समझते हैं तो समझने दें
अगर लोग आपको rude समझते हैं तो समझने दें
ruby kumari
स्वांग कुली का
स्वांग कुली का
Er. Sanjay Shrivastava
स्कूल जाना है
स्कूल जाना है
SHAMA PARVEEN
अंधा बांटे रेबड़ी, फिर फिर अपनों के देवे – कहावत/ DR. MUSAFIR BAITHA
अंधा बांटे रेबड़ी, फिर फिर अपनों के देवे – कहावत/ DR. MUSAFIR BAITHA
Dr MusafiR BaithA
जलपरी
जलपरी
लक्ष्मी सिंह
चलो आज खुद को आजमाते हैं
चलो आज खुद को आजमाते हैं
कवि दीपक बवेजा
हब्स के बढ़ते हीं बारिश की दुआ माँगते हैं
हब्स के बढ़ते हीं बारिश की दुआ माँगते हैं
Shweta Soni
किसी ग़रीब को
किसी ग़रीब को
*Author प्रणय प्रभात*
न ठंड ठिठुरन, खेत न झबरा,
न ठंड ठिठुरन, खेत न झबरा,
Sanjay ' शून्य'
वो इबादत
वो इबादत
Dr fauzia Naseem shad
मेरी कलम से…
मेरी कलम से…
Anand Kumar
मसल कर कली को
मसल कर कली को
Pratibha Pandey
*चुनावी कुंडलिया*
*चुनावी कुंडलिया*
Ravi Prakash
Loading...