Sep 22, 2016 · 1 min read

आज जो यु मिले हो तुम , थोडा अपने से लगे हो तुम

आज जो यु मिले हो तुम , थोडा अपने से लगे हो तुम
ये ख़ामोशी कुछ कहना चाह रही हो, जेसे फिर से गुम होना चाहती हो तुम !
आज ये बदल जो बरसे , फिर से भीग जाना चाहती हो तुम
आज जो यु मिले हो तुम , थोडा अपने से लगे हो तुम !
ये आंखे तुम्हे यादो में खोजती रही , शायद फिर से यादे बनना चाहती हो तुम
तुम्हारे जाने पर उलझ गए थे कुछ सवाल , शायद उन्हें सुलझाने आयी हो तुम !
आज जो यु मिले हो तुम , थोडा अपने से लगे हो तुम
BY Pratik Jangid

145 Views
You may also like:
तन-मन की गिरह
Saraswati Bajpai
!!*!! कोरोना मजबूत नहीं कमजोर है !!*!!
Arise DGRJ (Khaimsingh Saini)
सोने की दस अँगूठियाँ….
Piyush Goel
नित नए संघर्ष करो (मजदूर दिवस)
श्री रमण
मन की मुराद
मनोज कर्ण
कांटों पर उगना सीखो
VINOD KUMAR CHAUHAN
वर्तमान
Vikas Sharma'Shivaaya'
दिल टूट करके।
Taj Mohammad
सहारा
अरशद रसूल /Arshad Rasool
बुआ आई
राजेश 'ललित'
सबको हार्दिक शुभकामनाएं !
Prabhudayal Raniwal
" एक हद के बाद"
rubichetanshukla रुबी चेतन शुक्ला
पिता एक विश्वास - डी के निवातिया
डी. के. निवातिया
*सोमनाथ मंदिर 【गीत】*
Ravi Prakash
मां ‌धरती
AMRESH KUMAR VERMA
राम
Saraswati Bajpai
मेरे गाँव में होने लगा है शामिल थोड़ा शहर [प्रथम...
AJAY AMITABH SUMAN
न्याय का पथ
AMRESH KUMAR VERMA
तेरी याद में
DR ARUN KUMAR SHASTRI
स्वेद का, हर कण बताता, है जगत ,आधार तुम से।।
संजीव शुक्ल 'सचिन'
सत्य कभी नही मिटता
Anamika Singh
रोटी संग मरते देखा
शेख़ जाफ़र खान
🌺🌺🌺शायद तुम ही मेरी मंजिल हो🌺🌺🌺
शिवाभिषेक: 'आनन्द'(अभिषेक पाराशर)
माफी मैं नहीं मांगता
gurudeenverma198
बुद्ध पूर्णिमा पर तीन मुक्तक।
Anamika Singh
# हे राम ...
Chinta netam मन
# मां ...
Chinta netam मन
पिता तुम हमारे
Dr. Pratibha Mahi
वसंत का संदेश
Anamika Singh
My Expressions
Shyam Sundar Subramanian
Loading...