Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
21 Dec 2023 · 1 min read

अनसुलझे किस्से

ज्ञान की पराकाष्ठा,
विज्ञान पुष्टि करती है,
मगर तथाकथित धर्म,
मन की कल्पनाओं के सहारे,
विज्ञान को मात देना चाहता है !!
राजनीति भी गणित की संख्याओं का ही खेल है
जो अनवरत चलते आ रहा है .।।
.
जहां तक मानवीय मूल्यांकन का सवाल है,
वह धर्म के कारण नहीं,
तथाकथित धर्म को आधार बनाकर,
जो समूह समाज पर थोपा गया
ये जनता के अंदर हीन-भावना, स्थापित करना,
किसी दैवीय प्रभाव से नहीं, उस क्षेत्र की महत्वाकांक्षा के कारण है,,
.
धर्म के नाम पर, जितने भी स्थल हैं,
उन सबको मालूम है,
धर्म में नहीं है कुछ भी,
अधिकतर गद्दी के लोगों ने,
सरकार में हिस्सेदारी तय कर ली है .।।
.
धार्मिक क्षेत्र के काम थे,
कुएं, पानी, तालाब, बावड़ी, स्कूल, महाविद्यालय
जड़ी बूटी, मनोबल क्षीणता, जज्बात पैदा करना
व्यसन आदि को युवा पीढी को बचाना,
.
धर्म की कैसे उत्पति ???
धरती कैसे अस्तित्व आई .
धर्म का आगाज कैसे हुआ,
राजनीति का जनक कौन है.
.
ये है अपूर्ण किस्से :-
अण्डा और मुर्गी की पहेली,
की सुलह विज्ञान ने साबित करके बताया,
धर्म और राजनीतिक किस्से :- अनसुलझी पहेली है, और रहेगी .।।।।।
.
सब भाईयां नै राम राम

Language: Hindi
274 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
Books from Mahender Singh
View all
You may also like:
मंजिल एक है
मंजिल एक है
सोलंकी प्रशांत (An Explorer Of Life)
*विश्व योग दिवस : 21 जून (मुक्तक)*
*विश्व योग दिवस : 21 जून (मुक्तक)*
Ravi Prakash
स्वर्ग से सुंदर मेरा भारत
स्वर्ग से सुंदर मेरा भारत
Mukesh Kumar Sonkar
*पहले वाले  मन में हैँ ख़्यालात नहीं*
*पहले वाले मन में हैँ ख़्यालात नहीं*
सुखविंद्र सिंह मनसीरत
बनाकर रास्ता दुनिया से जाने को क्या है
बनाकर रास्ता दुनिया से जाने को क्या है
कवि दीपक बवेजा
सुकरात के मुरीद
सुकरात के मुरीद
Shekhar Chandra Mitra
समस्त जगतकी बहर लहर पर,
समस्त जगतकी बहर लहर पर,
Neelam Sharma
युवा दिवस विवेकानंद जयंती
युवा दिवस विवेकानंद जयंती
डॉ सगीर अहमद सिद्दीकी Dr SAGHEER AHMAD
ढूंढा तुम्हे दरबदर, मांगा मंदिर मस्जिद मजार में
ढूंढा तुम्हे दरबदर, मांगा मंदिर मस्जिद मजार में
Kumar lalit
संभव है कि किसी से प्रेम या फिर किसी से घृणा आप करते हों,पर
संभव है कि किसी से प्रेम या फिर किसी से घृणा आप करते हों,पर
Paras Nath Jha
वो सब खुश नसीब है
वो सब खुश नसीब है
शिव प्रताप लोधी
👌एक न एक दिन👌
👌एक न एक दिन👌
*Author प्रणय प्रभात*
प्रोटोकॉल
प्रोटोकॉल
Dr. Pradeep Kumar Sharma
गमछा जरूरी हs, जब गर्द होला
गमछा जरूरी हs, जब गर्द होला
नंदलाल सिंह 'कांतिपति'
विचार , हिंदी शायरी
विचार , हिंदी शायरी
अनिल कुमार गुप्ता 'अंजुम'
याद  में  ही तो जल रहा होगा
याद में ही तो जल रहा होगा
Sandeep Gandhi 'Nehal'
We make Challenges easy and
We make Challenges easy and
Bhupendra Rawat
देख भाई, सामने वाले से नफ़रत करके एनर्जी और समय दोनो बर्बाद ह
देख भाई, सामने वाले से नफ़रत करके एनर्जी और समय दोनो बर्बाद ह
ruby kumari
"सफलता कुछ करने या कुछ पाने में नहीं बल्कि अपनी सम्भावनाओं क
पूर्वार्थ
10) “वसीयत”
10) “वसीयत”
Sapna Arora
23/34.*छत्तीसगढ़ी पूर्णिका*
23/34.*छत्तीसगढ़ी पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
सीमवा पे डटल हवे, हमरे भैय्या फ़ौजी
सीमवा पे डटल हवे, हमरे भैय्या फ़ौजी
Er.Navaneet R Shandily
खाक पाकिस्तान!
खाक पाकिस्तान!
Saransh Singh 'Priyam'
किरणों का कोई रंग नहीं होता
किरणों का कोई रंग नहीं होता
Atul "Krishn"
नफरतों के शहर में प्रीत लुटाते रहना।
नफरतों के शहर में प्रीत लुटाते रहना।
Prabhu Nath Chaturvedi "कश्यप"
कश्ती औऱ जीवन
कश्ती औऱ जीवन
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
"हकीकत"
Dr. Kishan tandon kranti
आस
आस
Shyam Sundar Subramanian
मेरे भोले भण्डारी
मेरे भोले भण्डारी
Dr. Upasana Pandey
शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ्य
शारीरिक, मानसिक और आध्यात्मिक रूप से स्वस्थ्य
Dr.Rashmi Mishra
Loading...