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21 Jul 2016 · 1 min read

साथ अगर ….

साथ अगर जो तुम भी होते होता मजा बरसात में
शोख़ नज़र की हाला होती ग़ज़ल बने हर बात में
चूर नशेमन खो जाते हम…हसीं लम्हों की शान पे
प्रीत मिलन के किस्से गढ़ते मधुरिमी मुलाक़ात में
आनंद २१/०७/२०१६

Language: Hindi
Tag: मुक्तक
244 Views
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