Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
1 Aug 2023 · 1 min read

शिक्षक

शिक्षक

परीक्षा में एक प्रश्न पूछा गया था- ‘‘शिक्षक का प्रमुख कार्य क्या है ?’’
एक परीक्षार्थी ने उत्तर में लिखा था- ‘‘घर-घर जाकर सर्वे करना।’’
– डाॅ. प्रदीप कुमार शर्मा
रायपुर, छत्तीसगढ़

1 Like · 124 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
ता थैया थैया थैया थैया,
ता थैया थैया थैया थैया,
Satish Srijan
"कुछ खास हुआ"
Lohit Tamta
जालिमों तुम खोप्ते रहो सीने में खंजर
जालिमों तुम खोप्ते रहो सीने में खंजर
नील पदम् Deepak Kumar Srivastava (दीपक )(Neel Padam)
कौन कहता है कि लहजा कुछ नहीं होता...
कौन कहता है कि लहजा कुछ नहीं होता...
कवि दीपक बवेजा
सच और झूठ
सच और झूठ
Neeraj Agarwal
शांत सा जीवन
शांत सा जीवन
Dr fauzia Naseem shad
है कौन झांक रहा खिड़की की ओट से
है कौन झांक रहा खिड़की की ओट से
Amit Pathak
3047.*पूर्णिका*
3047.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
* धरा पर खिलखिलाती *
* धरा पर खिलखिलाती *
surenderpal vaidya
अंतरात्मा की आवाज
अंतरात्मा की आवाज
Dr. Pradeep Kumar Sharma
"संकेत"
Dr. Kishan tandon kranti
विश्व कप
विश्व कप
Pratibha Pandey
अति वृष्टि
अति वृष्टि
लक्ष्मी सिंह
6) जाने क्यों
6) जाने क्यों
पूनम झा 'प्रथमा'
कभी मायूस मत होना दोस्तों,
कभी मायूस मत होना दोस्तों,
Ranjeet kumar patre
ଆମ ଘରର ଅଗଣା
ଆମ ଘରର ଅଗଣା
Bidyadhar Mantry
20-चेहरा हर सच बता नहीं देता
20-चेहरा हर सच बता नहीं देता
Ajay Kumar Vimal
"दिमाग"से बनाये हुए "रिश्ते" बाजार तक चलते है!
शेखर सिंह
बे-असर
बे-असर
Sameer Kaul Sagar
देख बहना ई कैसा हमार आदमी।
देख बहना ई कैसा हमार आदमी।
सत्य कुमार प्रेमी
कर्बला की मिट्टी
कर्बला की मिट्टी
Paras Nath Jha
विश्व कप-2023 फाइनल सुर्खियां
विश्व कप-2023 फाइनल सुर्खियां
दुष्यन्त 'बाबा'
दिल की गुज़ारिश
दिल की गुज़ारिश
सुरेन्द्र शर्मा 'शिव'
निकला है हर कोई उस सफर-ऐ-जिंदगी पर,
निकला है हर कोई उस सफर-ऐ-जिंदगी पर,
डी. के. निवातिया
नजरों को बचा लो जख्मों को छिपा लो,
नजरों को बचा लो जख्मों को छिपा लो,
सोलंकी प्रशांत (An Explorer Of Life)
चट्टानी अडान के आगे शत्रु भी झुक जाते हैं, हौसला बुलंद हो तो
चट्टानी अडान के आगे शत्रु भी झुक जाते हैं, हौसला बुलंद हो तो
Dinesh Yadav (दिनेश यादव)
वो ही तो यहाँ बदनाम प्यार को करते हैं
वो ही तो यहाँ बदनाम प्यार को करते हैं
gurudeenverma198
एक विद्यार्थी जब एक लड़की के तरफ आकर्षित हो जाता है बजाय कित
एक विद्यार्थी जब एक लड़की के तरफ आकर्षित हो जाता है बजाय कित
Rj Anand Prajapati
■ विश्व-स्तरीय कुंडली
■ विश्व-स्तरीय कुंडली
*Author प्रणय प्रभात*
*पहले घायल करता तन को, फिर मरघट ले जाता है (हिंदी गजल)*
*पहले घायल करता तन को, फिर मरघट ले जाता है (हिंदी गजल)*
Ravi Prakash
Loading...