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4 Jun 2023 · 1 min read

राह देखेंगे तेरी इख़्तिताम की हद तक,

राह देखेंगे तेरी इख़्तिताम की हद तक,
कभी तो सुनेगी तेरे पैग़ाम की आहट।
इख़्तिताम-अंत
नीलम शर्मा ✍️

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