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23 Nov 2022 · 1 min read

मेरी आंखों के ख़्वाब

बस एक तुझी से हैं वाबस्ता ।
मेरी आंखों के ख़्वाब जितने हैं ।।
तुझको पढ़ कर ही मैंने समझें हैं ।
इस ज़िन्दगी के जवाब जितने हैं ।।

डाॅ फौज़िया नसीम शाद

Language: Hindi
Tag: शेर
10 Likes · 135 Views
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