Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
1 Feb 2024 · 1 min read

बैठाया था जब अपने आंचल में उसने।

बैठाया था जब अपने आंचल में उसने।
तो आंखों से मेरी अश्क निकलते चले गए।
मां की दुआओं में असर है कुछ ऐसा कि।
डगमगाते क़दम मेरे संभलते चले गए।।
Phool gufran

93 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
"वेदना"
Dr. Kishan tandon kranti
कब मेरे मालिक आएंगे!
कब मेरे मालिक आएंगे!
Kuldeep mishra (KD)
खोजें समस्याओं का समाधान
खोजें समस्याओं का समाधान
Umesh उमेश शुक्ल Shukla
बिलकुल सच है, व्यस्तता एक मायाजाल,समय का खेल, मन का ही कंट्र
बिलकुल सच है, व्यस्तता एक मायाजाल,समय का खेल, मन का ही कंट्र
पूर्वार्थ
हे मेरे प्रिय मित्र
हे मेरे प्रिय मित्र
कृष्णकांत गुर्जर
एक अदद इंसान हूं
एक अदद इंसान हूं
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
"रातरानी"
Ekta chitrangini
त्याग
त्याग
AMRESH KUMAR VERMA
कल चमन था
कल चमन था
Neelam Sharma
*Relish the Years*
*Relish the Years*
Poonam Matia
3299.*पूर्णिका*
3299.*पूर्णिका*
Dr.Khedu Bharti
मन की किताब
मन की किताब
Neeraj Agarwal
ऐसा लगता है कि
ऐसा लगता है कि
*Author प्रणय प्रभात*
यूँही चलते है कदम बेहिसाब
यूँही चलते है कदम बेहिसाब
Vaishaligoel
चन्द्रमाँ
चन्द्रमाँ
Sarfaraz Ahmed Aasee
तुम्हें अकेले चलना होगा
तुम्हें अकेले चलना होगा
अभिषेक पाण्डेय 'अभि ’
स्मृतिशेष मुकेश मानस : टैलेंटेड मगर अंडररेटेड दलित लेखक / MUSAFIR BAITHA 
स्मृतिशेष मुकेश मानस : टैलेंटेड मगर अंडररेटेड दलित लेखक / MUSAFIR BAITHA 
Dr MusafiR BaithA
कम आ रहे हो ख़़्वाबों में आजकल,
कम आ रहे हो ख़़्वाबों में आजकल,
Shreedhar
बेनाम रिश्ते .....
बेनाम रिश्ते .....
sushil sarna
चौपई /जयकारी छंद
चौपई /जयकारी छंद
Subhash Singhai
सन्यासी का सच तप
सन्यासी का सच तप
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
एक मुलाकात अजनबी से
एक मुलाकात अजनबी से
Mahender Singh
स्वर्ग से सुंदर मेरा भारत
स्वर्ग से सुंदर मेरा भारत
Mukesh Kumar Sonkar
*णमोकार मंत्र (बाल कविता)*
*णमोकार मंत्र (बाल कविता)*
Ravi Prakash
आप लोग अभी से जानवरों की सही पहचान के लिए
आप लोग अभी से जानवरों की सही पहचान के लिए
शेखर सिंह
प्रभु श्री राम आयेंगे
प्रभु श्री राम आयेंगे
Santosh kumar Miri
अब तो इस वुज़ूद से नफ़रत होने लगी मुझे।
अब तो इस वुज़ूद से नफ़रत होने लगी मुझे।
Phool gufran
तुम तो हो जाते हो नाराज
तुम तो हो जाते हो नाराज
gurudeenverma198
जीवन साथी,,,दो शब्द ही तो है,,अगर सही इंसान से जुड़ जाए तो ज
जीवन साथी,,,दो शब्द ही तो है,,अगर सही इंसान से जुड़ जाए तो ज
Shweta Soni
बगावत की आग
बगावत की आग
Shekhar Chandra Mitra
Loading...