Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
6 Jul 2023 · 1 min read

जय जवान जय किसान

जय जवान जय किसान
भारत देश महान

93 Views
📢 Stay Updated with Sahityapedia!
Join our official announcements group on WhatsApp to receive all the major updates from Sahityapedia directly on your phone.
You may also like:
■ खरी-खरी...
■ खरी-खरी...
*प्रणय प्रभात*
2533.पूर्णिका
2533.पूर्णिका
Dr.Khedu Bharti
अधिकांश होते हैं गुमराह
अधिकांश होते हैं गुमराह
Umesh उमेश शुक्ल Shukla
वीर तुम बढ़े चलो...
वीर तुम बढ़े चलो...
आर एस आघात
ग़ज़ल
ग़ज़ल
Neelofar Khan
स्पीड
स्पीड
Paras Nath Jha
सफर सफर की बात है ।
सफर सफर की बात है ।
Yogendra Chaturwedi
आराधना
आराधना
Kanchan Khanna
चमकते तारों में हमने आपको,
चमकते तारों में हमने आपको,
Ashu Sharma
नारी के बिना जीवन, में प्यार नहीं होगा।
नारी के बिना जीवन, में प्यार नहीं होगा।
सत्य कुमार प्रेमी
आप किसी का कर्ज चुका सकते है,
आप किसी का कर्ज चुका सकते है,
Aarti sirsat
!!
!! "सुविचार" !!
विनोद कृष्ण सक्सेना, पटवारी
मेरे फितरत में ही नहीं है
मेरे फितरत में ही नहीं है
नेताम आर सी
🚩🚩 कृतिकार का परिचय/
🚩🚩 कृतिकार का परिचय/ "पं बृजेश कुमार नायक" का परिचय
Pt. Brajesh Kumar Nayak
आजादी का दीवाना था
आजादी का दीवाना था
Vishnu Prasad 'panchotiya'
इस दुनिया में किसी भी व्यक्ति को उसके अलावा कोई भी नहीं हरा
इस दुनिया में किसी भी व्यक्ति को उसके अलावा कोई भी नहीं हरा
Devesh Bharadwaj
बसंत बहार
बसंत बहार
ओमप्रकाश भारती *ओम्*
हर कदम प्यासा रहा...,
हर कदम प्यासा रहा...,
Priya princess panwar
हर तरफ़ रंज है, आलाम है, तन्हाई है
हर तरफ़ रंज है, आलाम है, तन्हाई है
अरशद रसूल बदायूंनी
बेरहमी
बेरहमी
Dr. Kishan tandon kranti
द्रोपदी फिर.....
द्रोपदी फिर.....
Kavita Chouhan
बातें नहीं, काम बड़े करिए, क्योंकि लोग सुनते कम और देखते ज्य
बातें नहीं, काम बड़े करिए, क्योंकि लोग सुनते कम और देखते ज्य
Dr. Pradeep Kumar Sharma
लफ्जों के जाल में उलझा है दिल मेरा,
लफ्जों के जाल में उलझा है दिल मेरा,
Rituraj shivem verma
चंद्रयान-3
चंद्रयान-3
राजीव नामदेव 'राना लिधौरी'
जय जगदम्बे जय माँ काली
जय जगदम्बे जय माँ काली
नंदलाल मणि त्रिपाठी पीताम्बर
दृष्टिबाधित भले हूँ
दृष्टिबाधित भले हूँ
Dr. Ramesh Kumar Nirmesh
मैं नहीं हो सका, आपका आदतन
मैं नहीं हो सका, आपका आदतन
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
*रिमझिम-रिमझिम बारिश यह, कितनी भोली-भाली है (हिंदी गजल)*
*रिमझिम-रिमझिम बारिश यह, कितनी भोली-भाली है (हिंदी गजल)*
Ravi Prakash
भोलेनाथ
भोलेनाथ
Adha Deshwal
भले ही भारतीय मानवता पार्टी हमने बनाया है और इसका संस्थापक स
भले ही भारतीय मानवता पार्टी हमने बनाया है और इसका संस्थापक स
Dr. Man Mohan Krishna
Loading...