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7 May 2023 · 1 min read

उधार वो किसी का रखते नहीं,

उधार वो किसी का रखते नहीं,
मेरा भी लौटा दिया।
जितना खाया था उन्होंने नमक मेरा
मेरे ही ज़ख़्मो पर लगा दिया..!!

विशाल बाबू ✍️✍️✍️

1 Like · 2 Comments · 568 Views
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