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30 posts
सपनो से बहुत गुफ़्तगू रहती है मेरी
सपनो से बहुत गुफ़्तगू रहती है मेरी
Yashvardhan Goel
कशमकश भी सजदे में तेरे झुकी
कशमकश भी सजदे में तेरे झुकी
Yashvardhan Goel
इश्क़ होता तो रुकता
इश्क़ होता तो रुकता
Yashvardhan Goel
हादसा बता के निकल लिया !
हादसा बता के निकल लिया !
Yashvardhan Goel
हमें तो तन्हाई से  मुहब्बत ही महफ़िलो भरा जहां देती है!
हमें तो तन्हाई से मुहब्बत ही महफ़िलो भरा जहां देती है!
Yashvardhan Goel
कहीँ में रख लूँ इस दिल को छुपा के,
कहीँ में रख लूँ इस दिल को छुपा के,
Yashvardhan Goel
वो ख्याल से निकलकर
वो ख्याल से निकलकर
Yashvardhan Goel
फिर से जिन्दगी तुझमे खो जाये.
फिर से जिन्दगी तुझमे खो जाये.
Yashvardhan Goel
मदहोश हैं तेरी बातों में बेहोश हम नहीं!
मदहोश हैं तेरी बातों में बेहोश हम नहीं!
Yashvardhan Goel
लोग किस्से बनाने को गुमनाम रहते है! ! !
लोग किस्से बनाने को गुमनाम रहते है! ! !
Yashvardhan Goel
मेने तो कहिं डाका भी  नहीं डाला है
मेने तो कहिं डाका भी नहीं डाला है
Yashvardhan Goel
करवट हर रुकी बात दे रही
करवट हर रुकी बात दे रही
Yashvardhan Goel
खाली सा हो गया तेरे जाने से मेरा दिल
खाली सा हो गया तेरे जाने से मेरा दिल
Yashvardhan Goel
वक़्त था गुजर गया  दौर आना अभी बाकी है
वक़्त था गुजर गया दौर आना अभी बाकी है
Yashvardhan Goel
अंदर के हिस्सो  को ख़त्म  दिया
अंदर के हिस्सो को ख़त्म दिया
Yashvardhan Goel
में अपने दर्द बंटोरता  रह गया!
में अपने दर्द बंटोरता रह गया!
Yashvardhan Goel
मुहब्बत में दर्द बड़ा खाली लगता है
मुहब्बत में दर्द बड़ा खाली लगता है
Yashvardhan Goel
एक हो तो परवाज़
एक हो तो परवाज़
Yashvardhan Goel
एक ख़्वाब है तू अगर  पूरा हो जाये
एक ख़्वाब है तू अगर पूरा हो जाये
Yashvardhan Goel
दिल ने रोका चलने को
दिल ने रोका चलने को
Yashvardhan Goel
इस राह से गुजरते
इस राह से गुजरते
Yashvardhan Goel
मैं जीतता हूँ पर लगता है हार जाता हूँ
मैं जीतता हूँ पर लगता है हार जाता हूँ
Yashvardhan Goel
बंद कर लूंगा नजर गर गलती से भी तेरी दीद होगी
बंद कर लूंगा नजर गर गलती से भी तेरी दीद होगी
Yashvardhan Goel
चांद ईद  का बना दिल जिसे नादानी कर गया
चांद ईद का बना दिल जिसे नादानी कर गया
Yashvardhan Goel
नई बात है - ये बात भी गुजर जाएगी
नई बात है - ये बात भी गुजर जाएगी
Yashvardhan Goel
आसमां शरारत पे उतरा , जमीं को गिला  कर दिया
आसमां शरारत पे उतरा , जमीं को गिला कर दिया
Yashvardhan Goel
तू ही घर, शहर है  मेरा
तू ही घर, शहर है मेरा
Yashvardhan Goel
कितना दर्द देती हैं ये यादें,
कितना दर्द देती हैं ये यादें,
Yashvardhan Goel
नजरें करती हैं साज़िश सताने की मुझको,
नजरें करती हैं साज़िश सताने की मुझको,
Yashvardhan Goel
ख़्याल होता नही ख़्याल का, कौन  सा लिखना है!
ख़्याल होता नही ख़्याल का, कौन सा लिखना है!
Yashvardhan Goel
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