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29 Nov 2016 · 1 min read

जब आप आप न रहे

जब आप आप न रहे
तो मिलन मिलाप न रहे

ज़िंदगी ऐसे जियो
कि पश्चाताप न रहे

आजकल पहले जैसे
कार्य – कलाप न रहे

जेब गर भरी नहीं है
तो बाप बाप न रहे

फ्री साइज़ बिके शर्ट
सूट के नाप न रहे

प्रेमियों की हसरत है
काश कोइ खाप न रहे

सभी ‘सरु’ पापी यहां
अब दुआ श्राप न रहे

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