दोहा पंचक. . . . धरम जी के नाम
दोहा पंचक. . . . धरम जी के नाम
शोले का वीरू गया, दे कर सबको याद ।
बालीवुड को कर गए, गरम धरम आबाद ।।
किरदारों को जी गया, अजब गजब किरदार ।
गरम धरम सा अब कहाँ, आयेगा सरदार ।।
मदद सदा करता रहा, मुफलिस की हर बार ।
धरम सरीखी शख्सियत , दुर्लभ जग में यार ।।
अपने अभिनय से किये , अमर सभी किरदार ।
भावों को तूने धरम, सदा किया साकार ।।
पर्दे पर तेरा धरम, अमर रहेगा नाम ।
तेरा हर किरदार है, बालीवुड की शान ।।
सुशील सरना / 25-11-25