हमने दूरियाँ यूँ ही नहीं शुरू की अपनों से
हमने दूरियाँ यूँ ही नहीं शुरू की अपनों से
बहुत सोच समझकर हमने मनाया है दिल को
उनको खुशी मिलती है अगर हमसे मुँह मोड़कर
खुदा करे उनकी खुशी ताउम्र कायम रहे
हमने दूरियाँ यूँ ही नहीं शुरू की अपनों से
बहुत सोच समझकर हमने मनाया है दिल को
उनको खुशी मिलती है अगर हमसे मुँह मोड़कर
खुदा करे उनकी खुशी ताउम्र कायम रहे