*बालदिवस*
बालदिवस
बाल दिवस का पर्व है आया
हर मन में उल्लास है छाया ।
बच्चों के मुख पर है मुस्कान
बच्चे तो हैं देश की जान ।
बच्चों को दो आज उपहार
करो हमेशा मधुर व्यवहार ।
यही हमारे देश के भावी कर्णधार
इनको दीजिए सनातनी संस्कार ।
जो हम बच्चों में राष्ट्रप्रेम जगा सके
तभी सही अर्थ में बालदिवस मना सके ।
क्रांति वीरों की गाथा बच्चों को सुनायें
स्वर्णिम इतिहास से परिचित करायें ।
हर पहलू संवाद का इनको सिखायें
इनके हृदय में आशा के दीप जलायें ।
यही देश की कमान संँभालेंगे
भारत माता की जय बोलेंगे ।
मौलिक सृजन
पूनम दीक्षित
कृष्णा विहार कॉलोनी
ज्वाला नगर रामपुर
उत्तर प्रदेश