शाज़ कहते है___
शाज़ कहते है___
जब दिल टूटता है,
तभी आत्मा बोलती है।
और जब सब छूट जाता है,
तभी भीतर कोई जगता है।
शाहबाज आलम “शाज़”
शाज़ कहते है___
जब दिल टूटता है,
तभी आत्मा बोलती है।
और जब सब छूट जाता है,
तभी भीतर कोई जगता है।
शाहबाज आलम “शाज़”