*मैरिज ब्यूरो का पत्रक : सत्य घटना*
मैरिज ब्यूरो का पत्रक : सत्य घटना
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कोरियर से पत्रक आया था । मैंने खोला तो देखा कि किसी मैरिज ब्यूरो का पत्रक (अंकित तिथि 19- 9- 2009) था अर्थात उन्हें कहीं से पता लगा होगा कि मेरे पुत्र शादी लायक हो गए हैं ,अतः उन्होंने यह पत्रक भेजा ।
पत्रक पढ़ा तो बड़ा अजीब – सा लगा । रजिस्ट्रेशन – शुल्क ₹5100 था । मुझे झटका लगा । मैंने महसूस किया कि मानो किसी बड़ी नीलामी के कार्यक्रम में जाने के लिए एक धरोहर राशि रखवाई जा रही हो।
यह भी लिखा हुआ था कि यह लोग जो शादियाँ कराते हैं ,उसमें लड़के लड़कियों के बायोडाटा कोरियर के द्वारा भिजवाते हैं ।
एक अजीब शब्दावली थी ,जो मेरी समझ में नहीं आई । लिखा था कि हम दस पेटी से लेकर पाँच खोखे तक के रिश्ते कराते हैं । यह खोखा और पेटी मेरी समझ से परे था । बात समझ में नहीं आई । मैरिज ब्यूरो के कोड वर्ड पर काफी देर तक माथापच्ची की ।
एक बात तो अंत में बिल्कुल ही सौदेबाजी की पराकाष्ठा हो रही थी । लिखा था कि हम 2% कमीशन रिंग सेरेमनी वाले दिन लेते हैं । अब मैं सोचने पर विवश हो गया कि हम शादी करेंगे या कोई जमीन जायदाद का सौदा कर रहे हैं ,जो किसी बिचौलिए को बीच में डालकर उसका दो प्रतिशत कमीशन दिया जाए ?
मन घबराने लगा और फिर मैंने पत्रक को लिफाफे के अंदर बंद करके अलमारी में रख दिया । उसकी तरफ से दिमाग हटा दिया और कभी भी उसे खोलकर दोबारा नहीं पढ़ा।
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लेखक : रवि प्रकाश ,बाजार सर्राफा
रामपुर (उत्तर प्रदेश)
मोबाइल 99976 15451