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17 Sep 2025 · 1 min read

ना मिले कभी रंग मिरे,उस जादूगर रंग वाले से।

ना मिले कभी रंग मिरे,उस जादूगर रंग वाले से।
जो अपने रंग-आवर में, कितनों को रंग लेता है।।
मधु गुप्ता “अपराजिता”

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