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14 Sep 2025 · 1 min read

हिंदी से हिंदुस्तान की,

हिंदी से हिंदुस्तान की,
भाषा ही मत मान;
हिंदी में बसती यहां,
हम लोगों की जान- रे भैया.. २
अंग्रेजी बढ़ा तो क्या हुआ,
है तो लंगड़ी भाषा;
संस्कृत से जो टकरायेगा,
होगा उनका नाश- रे भैया…२
संस्कृत से ही हिंदी निकली,
निकली है सब भाष ;
भाषा में है श्रेष्ठ भाषा,
है इनकी पहचान- रे भैया…२
हिन्दुस्तान में पहले,
हिंदी का था बोल;
हिंदी पहचान थी हमारी,
हिंद वासी का नाम – रे भैया…२

✍️ – अंगरक्षक सूरज
11/09/2023

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