जीवन में उजाला
जीवन में उजाला तभी आए,
जब उम्मीद का दीप जलाए।
अँधियारे में मत घबराना,
छोटा दीप भी राह दिखाना।
सपनों को सच करने की चाह,
देती है हर मुश्किल में राह।
भरोसे से मन को सँवारो,
हर अँधेरे को उजाले में निखारो।
हर सुबह एक संदेश लाती,
नयी रोशनी उम्मीद जगाती।
दया और प्रेम के दीप जलाओ,
हर दिल में ख़ुशियों के रंग सजाओ।
उजाला ही है जीवन का सार,
यही बनाता हर कदम खुशगवार।
कवि
विनेश