अगर परोक्ष में कोई आपकी निंदा करता है,तो इसका स्पष्ट अर्थ है
अगर परोक्ष में कोई आपकी निंदा करता है,तो इसका स्पष्ट अर्थ है कि आपकी मौजूदगी से उसे अपना महत्व कम हो जाने का भय है।
पारस नाथ झा
अगर परोक्ष में कोई आपकी निंदा करता है,तो इसका स्पष्ट अर्थ है कि आपकी मौजूदगी से उसे अपना महत्व कम हो जाने का भय है।
पारस नाथ झा