अधखुली खिड़कियों के पीछे किसी की निगाहें
अधखुली खिड़कियों के पीछे किसी की निगाहें
मेरे इन्तजार में रहतीं थीं ।
शायद मेरी इक झलक ही उसके दिल में
मेरे लिए प्यार बरकरार रखती थी।।
शिव प्रताप लोधी
अधखुली खिड़कियों के पीछे किसी की निगाहें
मेरे इन्तजार में रहतीं थीं ।
शायद मेरी इक झलक ही उसके दिल में
मेरे लिए प्यार बरकरार रखती थी।।
शिव प्रताप लोधी