कैसी ये विडंबना, पास रहो या दूर, मुझे सताते।
कैसी ये विडंबना, पास रहो या दूर, मुझे सताते।
है आश्चर्य बड़ा यह, बीते कई प्रकल्प, मगर न आते।।
कैसी ये विडंबना, पास रहो या दूर, मुझे सताते।
है आश्चर्य बड़ा यह, बीते कई प्रकल्प, मगर न आते।।