सुप्रसिद्ध कवि श्री हरिवंश राय बच्चन का पत्र
सुप्रसिद्ध कवि श्री हरिवंश राय बच्चन का पत्र
1982 में मेरे द्वारा लिखित पुस्तक ट्रस्टीशिप-विचार पर सुप्रसिद्ध कवि श्री हरिवंश राय बच्चन की प्रतिक्रिया साधारण से पोस्टकार्ड पर मुझे बनारस में डॉक्टर भगवान दास छात्रावास के अपने कमरा नंबर 42 में डाक द्वारा प्राप्त हुई थी। मैं समझ ही नहीं पाया कि यह चिट्ठी किसकी है? फिर बहुत दिनों के बाद मैंने धर्मयुग(साप्ताहिक) में हरिवंशराय बच्चन जी की एक कविता पढ़ी और उस पर उनके हस्ताक्षर अंकित देखे ,तब मैं खुशी से उछल पड़ा कि अरे ! हिंदी के सर्वश्रेष्ठ लोकप्रिय कवि की सराहना से भरा आशीर्वाद मुझे सौभाग्य से प्राप्त हो गया है । बच्चन जी की हस्तलिपि इतनी कलात्मक थी कि वह आसानी से पढ़ने में नहीं आती थी । लेकिन फिर भी मेरे पास जो चिट्ठी आई , वह सरलता से पढ़ी जाने योग्य है।
पत्र इस प्रकार था:-
मुंबई 20- 1- 83
प्रिय श्री
ट्रस्टीशिप विचार की प्रति मिली। धन्यवाद। उपयोगी प्रकाशन है। आशा है, पुस्तक का स्वागत होगा। शुभकामनाएं
भवदीय
बच्चन