Sahityapedia
Sign in
Home
Your Posts
QuoteWriter
Account
17 Jul 2025 · 1 min read

नशा नाश का मूल है, दूषित करे समाज।

नशा नाश का मूल है, दूषित करे समाज।
यदि इससे बचकर रहे, बनते बिगड़े काज।

#डा. राम नरेश त्रिपाठी ‘मयूर’

Loading...