"सुनो जरा"
“सुनो जरा”
आंधियों का इतनी मर्तबा आना
कोई इत्तफाक तो नहीं,
लगता कि मेरी कश्ती मजबूत है
तमाम इम्तहान के लिए।
“सुनो जरा”
आंधियों का इतनी मर्तबा आना
कोई इत्तफाक तो नहीं,
लगता कि मेरी कश्ती मजबूत है
तमाम इम्तहान के लिए।