4 आर्य सत्य
4 आर्य सत्य
तर्ज़- ये पगला है..
सीप में मोती, ज्ञान की जोती, जगाने वाला है।
वो सच की राह बताने वाला है- 2.
जीवन में दुख आते है,
आती हैं कई परेशानी।
लेकिन मत घबड़ाना इनसे,
कुछ दिन की ये कहानी।।
दुःख की सच्चाई को समझो कहने वाला है..
वो सच की राह…
दुख का कारण बने है तृष्णा,
चाहे कह लो इच्छा। हो… हो…
जन्म, मरण से मुक्ति पा लो,
यही बुद्ध की शिक्षा।।
हो हो हो..
तृष्णाओ से मन को मुक्ति दिलाने वाला है,
वो सच की राह…
दुख का अंत:
दुख का अंत संभव है, और इसे दुख से मुक्त होने की अवस्था निर्वाण कहा जाता है.
दुख के अंत का मार्ग:
दुख के अंत का मार्ग अष्टांगिक मार्ग है, जो ज्ञान, नैतिकता, और
ध्यान पर आधारित है.