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16 May 2025 · 1 min read

मेरी दुनिया

शुरू थी जिंदगी कुछ खिलौनों से, बढ़ती गई जरूरतें।
हर तरफ खुश थे सब जब उन्हें हम बच्चे दिखे,
थोड़ा वक्त बदला, कहानियां भी बदली, सब शौक बदल गए।
जो कहते थे ये कि बड़ा होनहार है वे नहीं चाहते कि हम होनहार हो,
बदली ऐसे जिंदगी की दुनिया बदल गई मेरी।

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