प्रकृति ही ईश्वर है ,
प्रकृति ही ईश्वर है ,
विज्ञान ही सत्य है ,
इंसानियत ही धर्म है,
कर्म ही पूजा है ।
मेरी पूजा मत करना
न ही मुझसे कुछ उम्मीदें
लगा कर रखना ।
मैं तुम्हें मार्ग बता सकता हूं
चलना सिर्फ तुम्हें है ।
~ महात्मा बुद्ध (गुरु पूर्णिमा विशेष)