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10 May 2025 · 1 min read

6) बच्चा-बच्चा अब भारत का, भारत मॉं का सेनानी है (राधेश्यामी छ

बच्चा-बच्चा अब भारत का, भारत मॉं का सेनानी है (राधेश्यामी छंद)
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1)
बच्चा-बच्चा अब भारत का, भारत मॉं का सेनानी है।
बंदूक हाथ में लिए हुए, समझो हर हिंदुस्तानी है।।
2)
सिंदूर उजाड़ा था जिसने, अब उसको सबक सिखाना है।
हर भारतवासी अंगारा, अब पाकिस्तान निशाना है।।
3)
हम भूल नहीं सकते उसको, जो पहलगाम हत्यारा है।
आतंकवाद के सॉंपों को, उनके घर घुसकर मारा है।।
4)
हम बुद्ध अहिंसक की धरती, लेकिन कमजोर नहीं मानो।
हम तांडव नृत्य जानते हैं, हमको त्रिशूल शिव का जानो।।
5)
हर युवा हिंद का सैनिक है, हर वृद्ध आग का गोला है।
खुल गया तीसरा नेत्र आज, अब दुश्मन डोला-डोला है।।
6)
संवाद कर रही बंदूकें, पापी को सबक सिखाती हैं।
अभिनंदन सेना का करतीं, आवाजें बढ़कर आती हैं।।
7)
हम हिंद नागरिक सच पूछो, तन-मन से युद्धाभ्यासी हैं।
मरने से नहीं डरे हैं हम, मृत्युंजय भारतवासी हैं।।
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रचयिता : रवि प्रकाश
बाजार सर्राफा (निकट मिस्टन गंज), रामपुर, उत्तर प्रदेश
मोबाइल 9997615451

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