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1 May 2025 · 1 min read

सुधर सकते हैं समाज सुधारक।

सुधर सकते हैं समाज सुधारक।
फिर से जागे न्याय के धारक।।
न्यायधीश बनें नये प्रेरक।
आदर्शों का रचें उजियारा नेक।।
-आचार्य शीलक राम

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