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26 May 2024 · 1 min read

परीलोक से आई हो 🙏

परीलोक से आई हो🙏
💙💙💙💙💙💙💙
प्रकृति माँ की हरियाली हो
रंग बिरंगी श्रृंगारित हो नारी

नव किसलय आनन कानन
रंग भरी रंगोली हो आंगन की

सौंदर्य सुंदरता परीलोक की
सुंदर काया एक फरिश्ता

चंचल चंचला चांद सी चेहरा
ममता दया करुणामयी नारी

अद्भुत नगीना जन मानष की
बोली वाणी स्वभाव मधुर मधु

अमृत कलश जीवन तन है
निर्मल पवित्र दूजे की साथी

निश्चल भाव ममता की देवी
नर सौभाग्य सुहागन नारी

सृष्टिकारक जग संसार प्यारी
सुख सपनों की परी है नारी

मन मोहक शक्ति जग की
परीलोक से आई फरिश्ता

सौम्य सहजता सह जीविता
जगत की आराध्य हो नारी

💙💙💙💙💙💙💙💙
तारकेशवर प्रसाद तरूण

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