Sahityapedia
Sign in
Home
Your Posts
QuoteWriter
Account
6 Jan 2024 · 1 min read

हास्य - रायते का चक्कर

अभी अभी यमराज मेरे घर आ गए,
अपने दावत की जबरन
मुझसे हां करवा करने के साथ
ढेर सारे पकवानों के नाम
अपनी पसंद के गिना गए।
राज की एक बात मेरे कान में सुना गए,
रायते की स्पेशल डिमांड कर गए,
समय से पहुंच जाने की बात
कहते हुए जल्दी ही निकल गए,
मेरी शांत सी जिंदगी में रायता फैला गए।
कैसे कहूँ कि हे यमराज! ये तुम क्या कर गए?
अपने दावत के चक्कर में
मेरी जिंदगी घनचक्कर बना गए।

सुधीर श्रीवास्तव
गोण्डा उत्तर प्रदेश

Loading...