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22 Dec 2023 · 1 min read

अवधी स्वागत गीत

महकाई दा घर अँगनवा हो
सखी आये पहुनवा
आए पहुनवा हो आए पहुनुवा
बनिकै ई हीरा नगिनवा हो सखी०—
महका दा०—

① मीठे-मीठे बोलियन के फुलवा सजावो स्वागत में मखमल के आसन बिछावो
चहकै खुसियन से मन के सुगनवा हो –
सखी आए पहुनवा – आये पहुनवा हो आए पहुनवा
बनि के ई हीरा नगिनवा हो
महकाई दा०—– सखी०—

2- भावो के चन्नन से चौका पुरावो
चौखट दुवरिया लै दियना जरावो
खुसियन के होइगा बिहनवा हो
सखी आए पहुनवा, आए पहुनवा हो आए पहुनवा
महकाई दा०—सखी

3. जौने घड़ी के आसा लगाए
मनुवा दुवरिया पे पलकें बिछाए
पूरा भवा ऊ सपनवा हो सखी—-
महकाई दा०—-
सखी०—
आए पहुनवा हो आए पहुनवा
बनिकै ई हीरा नगिनवा हो सखी

प्रीतम श्रावस्तवी

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