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14 Jun 2023 · 1 min read

किसान भैया

भैया किसान , सुनो रे भैया , अब न लगाओ आग
वायु प्रदूषण , न हो शोषण , वरना खेलनी पड़ेगी फाग
खेलनी पड़ेगी आग , व्यर्थ बह जाए पानी
कहे ओम कविराय , हर राज्य की यही कहानी
जीवन छोटा , जग बड़ा , सुनो मेरे किसान भैया

ओम प्रकाश भारती ओम्

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