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18 Feb 2023 · 1 min read

*भगवान भोलेनाथ को, मन से चढ़ाया बेर है (मुक्तक)*

भगवान भोलेनाथ को, मन से चढ़ाया बेर है (मुक्तक)
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खुलकर कृपा मिलती,न बातों का कहीं कुछ फेर है
कुछ देर होती है नहीं, होता नहीं अंधेर है
वरदान मुॅंहमॉंगा दिलाता, देखते ही देखते
भगवान भोलेनाथ को, मन से चढ़ाया बेर है
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रचयिता : रवि प्रकाश
बाजार सर्राफा, रामपुर, उत्तर प्रदेश
मोबाइल 99976 15451

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