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8 Jun 2020 · 1 min read

(( सिरहाने ))

बहुत दूर तक मैंने अपनी जी ज़िन्दगी को जाते देखा
सिसक के सहम जाता है मन, दिल को भी घबराते देखा,,

बेशर्म नही थी मोहब्बत कभी मेरी
जब भी तुमसे नज़र मिली,पलको को शरमाते देखा,,

झूठे वादे निभाने की हमसे न किया करो तुम चाहत में
कम ही मिलते है वो आशिक जिन्हें वादे निभाते देखा है,,

नाकामयाब कोशिश की थी मैंने, तरीके भी सारे आजमाए थे
फिर भी इस इश्क़ के रोग को दिल से लगते देखा,,

तमन्नाएं सारी एक पल में उड़ान भर गई
अपनी हर ख्वाईशो को सिरहाने तेरे सोते देखा,,

तुम क्या आए ज़िन्दगी में, खुशियां सारी अपनी हुई
पहली बार दिल को दिल से मुस्कुराते देखा,,

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