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29 Aug 2023 07:42 AM

न घर था ,न द्वार था,
फिर भी खुशियों से भरा संसार था।
रहते थे हम अलग-अलग ,
पर सबके दिलों में प्यार था ।।
सबके दिलों में प्यार था।।
आपका बहुत सुंदर विचार सर
कोशिश

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