· Reading time: 1 minute

श्री फल।

फलों में सबसे ज्यादा प्रिय नारियल का फल माना जाता है। क्योंकि,नारियल समस्त देवताओं को प्रिय होता है। इसलिए मानव समाज अपने इष्ट देवी देवताओं को यह फल भेंट के रूप में चढ़ाता है।इस फल में अनेक औषधीय गुण भी पाये जातें हैं।यह फल तंत्र शास्त्र में भी उपयोग किया जाता है। इसलिए हम इसे फलों का राजा भी कह सकते हैं। नारियल का पानी, नारियल का तेल मानव के स्वास्थ्य की रक्षा करता है।अगर मनुष्य के पास किसी भी विपत्ति में, कोई उपाय न सूझे तब वह नारियल को अपनी दवा बना सकता है।यह फल वात, पित्त, कफ तीनों दोषों में काम आता है।

2 Likes · 2 Comments · 22 Views
Like
Author
331 Posts · 19.2k Views
Li.g.86.ayodhoya.nagar.bhopal.pin..462041 फूलचद रजक कवि एवं साहित्यकार विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं लेखन, कविता कहानी एवं लेख विगत बीस बरसों से निरन्तर प्रकाशन। मध्य प्रदेश साहित्य अकादमी, शासन द्वारा पुस्तक,"आत्म मंथन" सन् २०११ में…

Enjoy all the features of Sahityapedia on the latest Android app.

Install App
You may also like:
Loading...