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1 Feb 2023 · 1 min read

💐कई बार देखकर भी एक बार देखा💐

##मणिकर्णिका##
##पढ़ लिया##
##तस्दीक़ करो##
##Bonie कुटेगी##
##ज़्यादा डरा मत, फट्टू##
##तब तो कुछ मुँह से निकला नहीं##
##समय नहीं है, अभाव है##
##किताब तो भेजी जा सकती है##
##हमारी तो सभी चीज़ रखी रह गईं##
##किसे दें, बताओ##
##कहो, किसे दें##
##एक शब्द भी ढंग से न बोला गया##

कई बार देखकर भी एक बार देखा,
कई बार देखकर भी एक बार देखा,
वो हवा से बहे मेरे नज़दीक आकर,
कहा, अब न लौटेंगे एक बार जाकर,
कह तो गए थे कुछ जाते जाते,
“वो कहे, जा रहे हैं” तुम्हें भुलाकर,
उन्हें मैंने अपनी हर नज़र की नज़र से देखा,
कई बार देखकर भी एक बार देखा।।1।।
न पहुँचना हुआ उन तक पहुँच कर,
एक कदम भी बढ़ाया सँभलकर,सँभलकर,
एक हर्फ़ ही झूठी तारीफ़ का कहते,
कोई पहचाने न,गए हैं पैरों के निसाँ भी बदलकर,
“मैंने आवाज़ दी” उन्होंने फिर भी न देखा,
कई बार देखकर भी एक बार देखा।।2।।
मैंने कहा था ठहरा रहूँगा,
ग़र लौटे तो बेहतर सज़दा करूँगा,
किस बात को दिल में छिपाए हुए थे,
मैंने कहा दिल में रखूँगा और पहरा करूँगा,
बढ़ते हुए उनके तसब्बुर को देखा,
कई बार देखकर भी एक बार देखा।।3।।
ऐसा लगा अब उनका सामना है,
मेरे हाथों को शायद उन्हें थामना है,
कुछ न कहे वो,मैं कहता गया,
‘मेरे इश्क़ में कमी थी’मेरा मानना है,
लूटे हुए को फिर लुटते देखा,
कई बार देखकर भी एक बार देखा।।4।।

©®अभिषेक: पाराशरः ‘आनन्द’

Language: Hindi
Tag: गीत
39 Views
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