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May 26, 2021 · 1 min read

हाँ में हाँ मिलाइए

हाँ में हाँ मिलाइये
पुरस्कार पाइए
आइए आइए ले जाइए
जानते नहीं आप बाजार में खड़े हैं
जानते नहीं वो आपसे कितने बड़े है
जानते नहीं हाँ में हाँ न मिलाने वालो को कितने कोड़े
खाने पड़े हैं
प्रसंशा के शिवाय कोई विकल्प नहीं है
गुण गाइए जीवन बचाइए
रावण की सभा में बीभीषण जैसी बात
लात खाइए अथवा समझदार बन जाइए
जानते होंगे आप उनकी जनम कुंडली
अपनी जान बचाइए
गवाही देने वाले झूठ के विरुद्ध बक्से नहीं जाएंगे
ले दे के दाम बरी हो जाइए
गाने का बड़ा शौक है तो रीति काल के चारणो की तरह गाइए
दो चार थप्पड़ मार भी दे तो मुस्कुराइए
हां मे हां मिलाइए

2 Likes · 2 Comments · 186 Views
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