वो दिन लड़कपन के

प्रतिबिम्ब सा मन पटल में
वो दिन लड़कपन के
रमणीय है स्वर्निम है
बीते बचपन के पल
सावन के झूलें मनभावन
खोया-खोया मन
जादूई दुनिया, सपनों में कही
चंदा मामा की बातें
परियों की कहानी
मधु-मधुरं मौसम
सतरंगी इंद्रधनुष
प्रतिबिम्ब सा मन पटल में
वो दिन लड़कपन के
अमवा की बगीचे में
विविध खेल दोस्तो संग
सरसों के खेतों में
तितलियों को पकड़ना
था कितना प्यारा-प्यारा
प्रतिबिम्ब सा मन पटल में
वो दिन लड़कपन के
°
°
दुष्यंत कुमार पटेल’चित्रांश’

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