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Jul 7, 2022 · 1 min read

यह यादें

यह यादें भी अपनी
मनमानियों से बाज नही आती है
निकाल दो अपने जहन से
फिर भी चली आती है
कितनी बार कहा मैने
अपनी मनमानियाँ बंद करो
पर यह है जो मेरी हर बात
अनसुनी कर जाती है।

~अनामिका

4 Likes · 2 Comments · 78 Views
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