Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Write
Notifications
Wall of Fame
Jun 3, 2021 · 1 min read

मौसम का गीत

नौतपा के तपमें तपकर
अपना धर्म निभाती गर्मी
आह्वान करती मेघों को….अब वे आकर धर्म निभाएँ ।

उत्तम वर्षा, खेती के हित
माटी में दम भरकर गर्मी
लपटों के घोड़े दौड़ा कर …करे प्रतीक्षा बादल छाएँ ।

सूरज ने भी सैनिक छोड़े
खोज खबर मेघों की लेने
साधना से निपटी गर्मी …..सोचे हम भी घर को जाएँ ।

अपना अपना धर्म पालते
क्रमश: मौसम नियमित आते
कभीकभी ध्वनि वायु प्रदूषण…ऋतुओं के मन को भटकाएँ ।

अनुशासन से चले मनुज मन
कर्तव्य को धर्म मानकर
छोटे मन को बड़ा बनाएँ…तब ही तो अच्छे दिन आएँ ।

लक्ष्मी नारायण गुप्त

1 Like · 1 Comment · 375 Views
You may also like:
✍️आखरी कोशिश✍️
"अशांत" शेखर
*अमृत-सरोवर में नौका-विहार*
Ravi Prakash
$दोहे- सुबह की सैर पर
आर.एस. 'प्रीतम'
खोकर के अपनो का विश्वास ।....(भाग - 3)
Buddha Prakash
*~* वक्त़ गया हे राम *~*
Arise DGRJ (Khaimsingh Saini)
✍️मै कहाँ थक गया हूँ..✍️
"अशांत" शेखर
प्रदीप छंद और विधाएं
Subhash Singhai
भारतीय संस्कृति के सेतु आदि शंकराचार्य
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
खुशियों का मोल
Dr fauzia Naseem shad
✍️माय...!✍️
"अशांत" शेखर
जुल्फ जब खुलकर बिखर गई
मनमोहन लाल गुप्ता अंजुम
Gazal
Dr.SAGHEER AHMAD SIDDIQUI
चाल कुछ ऐसी चल गया कोई।
सत्य कुमार प्रेमी
सोने की दस अँगूठियाँ….
Piyush Goel
बारिश
AMRESH KUMAR VERMA
माई थपकत सुतावत रहे राति भर।
संजीव शुक्ल 'सचिन'
जी, वो पिता है
सूर्यकांत द्विवेदी
✍️बर्दाश्त की हद✍️
"अशांत" शेखर
✍️मोहब्बत का सरमाया✍️
"अशांत" शेखर
कभी अलविदा न कहेना....
Dr.Alpa Amin
नदी सदृश जीवन
Manisha Manjari
फिर से खो गया है।
Taj Mohammad
वह खूब रोए।
Taj Mohammad
ऐसे ना करें कुर्बानी हम
gurudeenverma198
*** वीरता
Prabhavari Jha
" अखंड ज्योत "
Dr Meenu Poonia
श्रम पिता का समाया
शेख़ जाफ़र खान
बिल्ले राम
Kanchan Khanna
खींचो यश की लम्बी रेख
Pt. Brajesh Kumar Nayak
ईद मना रही है।
Taj Mohammad
Loading...