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8 Feb 2023 · 1 min read

💐अज्ञात के प्रति-17💐

मैं उनमें प्रेम खोज रहा था और वह मुझमें विश्वास।
मेरा प्रेम विजयी हुआ।परन्तु उनका विश्वास हार चुका है।
-अभिषेक: पाराशरः ‘आनन्द’

Language: Hindi
51 Views
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