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Jun 9, 2022 · 1 min read

मेरी जिन्दगी से।

मेरी जिन्दगी से ज़ालिम तू कब का निकल गया है।
पर तिरा खयाल आज भी कभी कभी आ जाता है।।

✍️✍️ ताज मोहम्मद ✍️✍️

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