Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Dashboard
Notifications
Settings
Sep 25, 2017 · 1 min read

बेटी का ससुराल

पीहर आयी बेटी से पिता ने पूछा,
उसकी उदासी का कारण माँ ने पूछा,
परेशानी है या कोई दुख,
चेहरा क्यों धूमिल पडा है,
गम की परछाइयां साफ दिखती,
हुआ क्या है कुछ तो बता,
कुछ न बोलती बस सुबक-सुबक कर,
रोती रही लगातार.एक शब्द न बोली,
मौन उसका बोल रहा था सब कुछ,
सहेली को देख फूट पडा सारा दुख,
गले लग कर बहे अश्रु धाराप्रवाह,
बोली नहीं मैं दुखी नहीं हूँ,
पर यह भी उतना ही सच है कि,
मैं सुखी भी नहीं हूँ वहाँ,
बात-बात पर ताना,
अपनी बात कह न सकूँ,
मेरी.कुछ न सुनना,बस अपनी चलाना,
उसकी हर बात का जवाब,
क्यों करूँ उसकी हर शंका का समाधान,
अपनी जरूरत को मोहताज मैं,
कैसी परीपाटी सदियों से चली,
न चाहूँ तो भी जी रही हूँ,
कितने हैं गम जो न जाने ,
कब से पी रही हूँ,
क्यों जुदा हुई अपने ही घोंसले से,
क्यों विदा हुई माँ के आँगन से,
काहे को भेजा परदेश मुझे.
ऐसी ही रीत चली आयी है,”बेटी”!
माँ बोली:”भेजा,तेरी ही ससुराल तुझे!”

©®आरती लोहनी

1 Like · 449 Views
You may also like:
वो बरगद का पेड़
Shiwanshu Upadhyay
आसान नहीं होता है पिता बन पाना
Poetry By Satendra
पितृ वंदना
संजीव शुक्ल 'सचिन'
माँ की परिभाषा मैं दूँ कैसे?
साहित्य लेखन- एहसास और जज़्बात
समय को भी तलाश है ।
Abhishek Pandey Abhi
✍️दो पल का सुकून ✍️
Vaishnavi Gupta
पिता
Shailendra Aseem
जागो राजू, जागो...
मनोज कर्ण
ओ मेरे !....
ईश्वर दयाल गोस्वामी
भगवान हमारे पापा हैं
Lucky Rajesh
"पिता का जीवन"
पंकज कुमार कर्ण
जैवविविधता नहीं मिटाओ, बन्धु अब तो होश में आओ
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
मुझको कबतक रोकोगे
Abhishek Pandey Abhi
कभी ज़मीन कभी आसमान.....
अश्क चिरैयाकोटी
पितृ स्तुति
दुष्यन्त 'बाबा'
ओ मेरे साथी ! देखो
Anamika Singh
कौन होता है कवि
सुरेन्द्र शर्मा 'शिव'
किसकी पीर सुने ? (नवगीत)
ईश्वर दयाल गोस्वामी
पापा आपकी बहुत याद आती है !
Kuldeep mishra (KD)
ठोकर खाया हूँ
Anamika Singh
पिता हैं धरती का भगवान।
Vindhya Prakash Mishra
"चरित्र और चाय"
मनोज कर्ण
✍️सच बता कर तो देखो ✍️
Vaishnavi Gupta
नर्मदा के घाट पर / (नवगीत)
ईश्वर दयाल गोस्वामी
बरसाती कुण्डलिया नवमी
महावीर उत्तरांचली • Mahavir Uttranchali
पिता
Dr. Kishan Karigar
पैसा बना दे मुझको
Shivkumar Bilagrami
पिता
Manisha Manjari
काफ़िर का ईमाँ
DEVSHREE PAREEK 'ARPITA'
फ़ायदा कुछ नहीं वज़ाहत का ।
Dr fauzia Naseem shad
Loading...