Sahityapedia
Login Create Account
Home
Search
Write
Notifications
Wall of Fame
May 29, 2021 · 1 min read

बाॅंट लेंगे ख़ुशियाॅं !

बाॅंट लेंगे ख़ुशियाॅं !
______________

कोई मेरी राह रोके है खड़ा !
मुझे है जाना पर्वत के उस पार !!
पर्वत के पार मंज़िल है दिख रही !
जिसका मुझे करना है दीदार !!

ये ज़माना ज़ालिम है कितना !
पर्वत को न करने देता मुझे पार !!
वैसे तो रास्ते इसके बड़े दुर्गम !
जिसे निश्चय ही करना है मुझे पार !
और ढूॅंढ़ना अपना सुंदर सा संसार !!

पर्वत के बीच से निकली हैं राहें !
जिन राहों से डटकर मैं गुजरूंगा !!
माना ये राहें बड़ी टेढ़ी – मेढ़ी !
पर चलकर पार भी कर जाऊॅंगा !!

पर यहाॅं पर्वत से भी बड़ा अवरोध !
जो पर्वत तक भी पहुॅंचने न देता !!
दो कदम आगे जब बढ़ जाऊॅं !
तो बीच में रोड़े खड़े कर देता !!

मैं तो हूॅं एक सीधा-सादा इंसान !
जऱा भी छल – कपट, प्रपंच नहीं !!
इसी का नाजायज़ फायदा उठाकर !
लोग मुझे रोक-टोक कर देते यहीं !!

मुझे कुछ पता ही नहीं चल रहा !
ये ज़माना चाहता क्या है मुझसे !!
मैं यहाॅं हूॅं घुट – घुट के मर रहा !
पर व्यथा अपनी सुनाऊॅं मैं किससे !!

अब ईश्वर से ही बस, आस है बॅंधी !
वे ही कोई राह सम्यक् निकालेंगे !!
कॅंटीली राहों से कंटक को हटाकर !
मुझे अपनी मंज़िल तक पहुॅंचाएंगे !!

साथ प्रभु का तो मिलेगा ही मुझे !
ऐसी ही उम्मीद उनसे है मेरी !!
पर साथ मित्रों का भी गर मिल जाए !
तो इससे ज़्यादा बेहतर कुछ नहीं !!
भावी मंज़िल से भी बड़ी मंज़िल यही !
बाॅंट लेंगे खुशियाॅं सब मिल यहीं !!

स्वरचित एवं मौलिक ।

© अजित कुमार कर्ण ।
किशनगंज ( बिहार )

8 Likes · 550 Views
You may also like:
श्रम पिता का समाया
शेख़ जाफ़र खान
मन
Pakhi Jain
✍️मैं और वो..(??)✍️
'अशांत' शेखर
दो चार अल्फाज़।
Taj Mohammad
सच और झूठ
श्री रमण 'श्रीपद्'
कड़वा है पर सत्य से भरा है।
Manisha Manjari
भारत माँ से प्यार
Swami Ganganiya
सबूत
Dr.Priya Soni Khare
✍️स्त्रोत✍️
'अशांत' शेखर
घड़ी
AMRESH KUMAR VERMA
मोहब्बत कुआं
साहित्य गौरव
GOD YOU are merciful.
Taj Mohammad
सदियों बाद
Dr.Priya Soni Khare
इश्क का दरिया
Anamika Singh
*तजकिरातुल वाकियात* (पुस्तक समीक्षा )
Ravi Prakash
बुढ़ापे में अभी भी मजे लेता हूं
Ram Krishan Rastogi
पिता
Aruna Dogra Sharma
और कितना धैर्य धरू
Anamika Singh
जीवन यात्रा
विजय कुमार अग्रवाल
चंद दोहे....
डॉ.सीमा अग्रवाल
भाइयों के बीच प्रेम, प्रतिस्पर्धा और औपचारिकताऐं
सोलंकी प्रशांत (An Explorer Of Life)
खुदा का वास्ता।
Taj Mohammad
ईश्वर की जयघोश
AMRESH KUMAR VERMA
ऐसे इश्क निभाया हमने
Anamika Singh
✍️फासले थे✍️
'अशांत' शेखर
✍️✍️चुभन✍️✍️
'अशांत' शेखर
हमनें नज़रें अदब से झुका ली।
Taj Mohammad
योग तराना एक गीत (विश्व योग दिवस)
सुरेश कुमार चतुर्वेदी
कुछ काम करो
Anamika Singh
होली
AMRESH KUMAR VERMA
Loading...